गर्मी में बिजली की जबरदस्त मांग और मॉनसून में देरी के कारण पावर सेक्टर एक बार फिर निवेशकों के फोकस में आ गया है। जुलाई 2026 में देश की बिजली मांग पिछले साल के मुकाबले करीब 11-12 फीसदी ज्यादा रही। वहीं, शाम के समय बिजली की पीक डिमांड भी रिकॉर्ड स्तर के करीब पहुंच गई। मजबूत मांग को देखते हुए एनलिस्ट्स को पावर सेक्टर में आगे भी तेजी की उम्मीद है।
जुलाई में बढ़ी बिजली की मांग
ब्रोकिंग फर्म नुवामा के मुताबिक, अनुमान से कमजोर मॉनसून के कारण जुलाई में औसत तापमान पिछले साल की तुलना में ज्यादा रहा। जुलाई 2026 में औसत तापमान 29.2 डिग्री सेल्सियस रहा, जबकि जुलाई 2025 में यह करीब 28.3 डिग्री सेल्सियस था। ज्यादा तापमान के कारण कूलिंग और एयर कंडीशनिंग की मांग बढ़ी, जिसका सीधा असर बिजली की खपत पर पड़ा।
रिपोर्ट के मुताबिक जुलाई में बिजली की मांग सालाना आधार पर करीब 11.2 फीसदी बढ़ी। वहीं, पीक पावर डिमांड करीब 220 GW से बढ़कर 270 GW तक पहुंच गई। यानी इसमें लगभग 22 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की गई। शाम के समय बढ़ती बिजली खपत को देखते हुए पावर जनरेशन और ट्रांसमिशन कंपनियों के लिए मांग का माहौल मजबूत बना हुआ है।
FY27 में 6-7% डिमांड ग्रोथ का अनुमान
एनलिस्ट्स का मानना है कि बिजली की मांग में तेजी सिर्फ गर्मियों तक सीमित नहीं रह सकती। FY26 के अपेक्षाकृत कम बेस को देखते हुए FY27 में बिजली की मांग 6-7 फीसदी बढ़ने का अनुमान है। कमजोर मॉनसून की स्थिति बनी रहने पर तापमान सामान्य से ज्यादा रह सकता है, जिससे पावर डिमांड और मर्चेंट टैरिफ को सपोर्ट मिल सकता है।
इसके अलावा रिन्यूएबल एनर्जी के साथ स्टोरेज क्षमता बढ़ाने पर भी जोर दिया जा रहा है। RE-प्लस-स्टोरेज के विस्तार से आने वाले वर्षों में बिजली उत्पादन और ग्रिड इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़ी कंपनियों को फायदा मिल सकता है।
पावर सेक्टर पर एनलिस्ट्स का पॉजिटिव रुख
एंटीक और नुवामा जैसी ब्रोकिंग फर्मों का पावर सेक्टर को लेकर रुख सकारात्मक बना हुआ है। मजबूत मैक्रो डिमांड, बढ़ती पीक डिमांड और आने वाले वर्षों में क्षमता विस्तार की जरूरत को देखते हुए जनरेशन और ट्रांसमिशन कंपनियों में ग्रोथ की संभावनाएं देखी जा रही हैं।
नुवामा के मुताबिक, पहली तिमाही में मजबूत बिजली मांग देखने को मिली है। अगर मॉनसून में और देरी होती है या तापमान ऊंचा बना रहता है, तो यह मांग आगे भी मजबूत रह सकती है। ऐसे में पावर जनरेशन और ट्रांसमिशन सेक्टर की कंपनियां निवेशकों के रडार पर बनी रह सकती हैं।
इन पावर शेयरों पर नजर
पावर सेक्टर में Adani Power, NTPC, ACME Solar Holdings और Power Grid Corporation of India जैसे शेयर चर्चा में हैं।
एंटीक ने अडानी पावर पर खरीदारी की रेटिंग के साथ 282 रुपये का अपसाइड टारगेट दिया है। वहीं, CleanMax पर भी खरीदारी की राय दी गई है और लॉन्ग टर्म के लिए 1,711 रुपये का टारगेट बताया गया है। इसके अलावा JSW Energy, ACME Solar और NTPC को भी पसंदीदा शेयरों में शामिल किया गया है।
दूसरी ओर, Power Grid और IEX पर होल्ड की रेटिंग बरकरार रखी गई है। हालांकि, किसी भी शेयर में निवेश से पहले कंपनी के फंडामेंटल, वैल्यूएशन और बाजार के जोखिमों का आकलन करना जरूरी है।
आगे भी पावर सेक्टर में रह सकता है मोमेंटम
बढ़ती बिजली खपत, पीक डिमांड में तेजी, क्षमता विस्तार और रिन्यूएबल एनर्जी के साथ स्टोरेज की बढ़ती जरूरत पावर सेक्टर के लिए सकारात्मक संकेत हैं। अगर FY27 में बिजली मांग 6-7 फीसदी की दर से बढ़ती है, तो जनरेशन, ट्रांसमिशन और रिन्यूएबल एनर्जी कंपनियों के कारोबार को फायदा मिल सकता है। यही वजह है कि आने वाले समय में पावर सेक्टर और इससे जुड़े शेयर निवेशकों के लिए महत्वपूर्ण बने रह सकते हैं।