The Industrial Empire - उद्योग, व्यापार और नवाचार की दुनिया | The World of Industry, Business & Innovation
Saturday, Oct 10, 2026
Facebook X-twitter Youtube Linkedin
  • About Us
  • Contact Us
Subscribe
  • होम
  • ट्रेंडिंग खबरें
  • बाज़ार
  • ऑटो/टेक
  • बैंकिंग
  • आईटी
  • टेलिकॉम
  • एनर्जी
    • रिन्यूएबल एनर्जी
    • नॉन रिन्यूएबल एनर्जी
  • एग्रीकल्चर
  • फार्मा
  • फर्श से अर्श तक
  • अन्य
Font ResizerAa
The Industrial Empire - उद्योग, व्यापार और नवाचार की दुनिया | The World of Industry, Business & InnovationThe Industrial Empire - उद्योग, व्यापार और नवाचार की दुनिया | The World of Industry, Business & Innovation
  • होम
  • ट्रेंडिंग खबरें
  • बाज़ार
  • ऑटो/टेक
  • बैंकिंग
  • आईटी
  • टेलिकॉम
  • एनर्जी
  • एग्रीकल्चर
  • फार्मा
  • फर्श से अर्श तक
  • अन्य
Search
  • होम
  • ट्रेंडिंग खबरें
  • बाज़ार
  • ऑटो/टेक
  • बैंकिंग
  • आईटी
  • टेलिकॉम
  • एनर्जी
    • रिन्यूएबल एनर्जी
    • नॉन रिन्यूएबल एनर्जी
  • एग्रीकल्चर
  • फार्मा
  • फर्श से अर्श तक
  • अन्य
Have an existing account? Sign In
Follow US
© 2026 The Industrial Empire. All Rights Reserved.
The Industrial Empire - उद्योग, व्यापार और नवाचार की दुनिया | The World of Industry, Business & Innovation > आईटी > IT शेयरों में भारी गिरावट: AI की रफ्तार से डरे निवेशक, एक हफ्ते में 6.4 लाख करोड़ डूबे
आईटी

IT शेयरों में भारी गिरावट: AI की रफ्तार से डरे निवेशक, एक हफ्ते में 6.4 लाख करोड़ डूबे

Last updated: 07/02/2026 1:27 PM
By
Manu Tiwari
ByManu Tiwari
Follow:
Share
IT शेयरों में गिरावट, AI के असर से निवेशकों में चिंता
SHARE

भारतीय शेयर बाजार में इस हफ्ते आईटी सेक्टर निवेशकों के लिए सबसे बड़ी चिंता बनकर उभरा। बीते चार महीनों में पहली बार आईटी शेयरों में इतनी तेज गिरावट देखने को मिली है। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) में तेजी से हो रही प्रगति ने पारंपरिक आईटी सर्विस मॉडल को लेकर निवेशकों के मन में सवाल खड़े कर दिए हैं। इसी डर की वजह से पूरे हफ्ते आईटी कंपनियों के शेयर दबाव में रहे और निवेशकों की बड़ी पूंजी साफ हो गई।

निवेशकों का भरोसा इसलिए भी डगमगाया क्योंकि एआई अब केवल भविष्य की तकनीक नहीं रहा, बल्कि बहुत तेजी से ऐसे काम करने लगा है, जिनके लिए पहले आईटी कंपनियों को लंबा समय और बड़ी टीमों की जरूरत पड़ती थी। इससे यह आशंका गहराने लगी है कि आने वाले समय में आईटी सर्विस कंपनियों का बिजनेस मॉडल बदल सकता है या उनकी मांग पर असर पड़ सकता है।

निफ्टी आईटी में हफ्ते भर में 6.4% की गिरावट
इस गिरावट की सबसे साफ तस्वीर निफ्टी आईटी इंडेक्स में दिखी। शुक्रवार को यह सूचकांक करीब 1.5 प्रतिशत टूट गया, जबकि पूरे हफ्ते में इसमें 6.4 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। यह प्रदर्शन पिछले चार महीनों में सबसे खराब माना जा रहा है। आईटी शेयरों में लगातार बिकवाली से निफ्टी आईटी इंडेक्स में शामिल कंपनियों का कुल बाजार पूंजीकरण करीब 6.4 लाख करोड़ रुपये घट गया। यानी सिर्फ एक हफ्ते में निवेशकों की इतनी बड़ी रकम बाजार से साफ हो गई। इससे यह साफ हो गया कि निवेशक इस सेक्टर को लेकर फिलहाल काफी सतर्क और चिंतित नजर आ रहे हैं।

सभी बड़े आईटी शेयर लाल निशान में
इस हफ्ते निफ्टी आईटी इंडेक्स में शामिल लगभग सभी शेयर नुकसान में रहे। इनमें सबसे ज्यादा दबाव इन्फोसिस पर देखने को मिला, जिसके शेयर करीब 8.2 प्रतिशत टूट गए। टेक महिंद्रा में करीब 7.1 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। इसके अलावा टीसीएस, विप्रो और एचसीएल टेक जैसी दिग्गज कंपनियों के शेयर भी कमजोर पड़े। आईटी शेयरों की इस सामूहिक गिरावट ने साफ संकेत दिया कि यह किसी एक कंपनी की समस्या नहीं, बल्कि पूरे सेक्टर से जुड़ी चिंता है। निवेशक पूरे आईटी उद्योग के भविष्य को लेकर सवाल कर रहे हैं, जिसका असर शेयरों की कीमतों पर दिख रहा है।

एआई की नई घोषणाओं से बढ़ी चिंता
आईटी शेयरों में गिरावट की एक बड़ी वजह एआई से जुड़ी हालिया घोषणाएं भी मानी जा रही हैं। खासतौर पर एंथ्रोपिक कंपनी द्वारा पेश किए गए नए एआई मॉडल और प्लग-इन को लेकर बाजार में चर्चा तेज हो गई। इन टूल्स की मदद से अब फाइनेंशियल रिसर्च, लीगल वर्क, सेल्स, मार्केटिंग और डेटा एनालिसिस जैसे काम बहुत तेजी से और कम समय में किए जा सकते हैं। निवेशकों को डर है कि अगर एआई इसी रफ्तार से आगे बढ़ता रहा, तो आईटी सर्विस कंपनियों के पारंपरिक प्रोजेक्ट्स की मांग घट सकती है। यही वजह है कि एआई से जुड़ी हर नई घोषणा के बाद आईटी शेयरों पर दबाव बढ़ता जा रहा है।

एक दिन में सबसे बड़ी गिरावट ने बढ़ाई बेचैनी
इस हफ्ते आईटी सेक्टर में घबराहट तब और बढ़ गई, जब निफ्टी आईटी इंडेक्स एक दिन में करीब 5.9 प्रतिशत टूट गया। यह मार्च 2020 के बाद से एक दिन में आईटी शेयरों की सबसे बड़ी गिरावट मानी जा रही है। इतनी तेज गिरावट ने निवेशकों को यह सोचने पर मजबूर कर दिया कि कहीं आईटी सेक्टर के अच्छे दिन वाकई खत्म तो नहीं हो रहे। पहले से ही वैश्विक स्तर पर आईटी सेवाओं की मांग धीमी है और अब एआई का डर इस दबाव को और बढ़ा रहा है।

विशेषज्ञ क्या कह रहे हैं
मार्केट एक्सपर्ट्स का मानना है कि आईटी सेक्टर की मौजूदा गिरावट के पीछे सिर्फ एआई का डर ही नहीं, बल्कि कमाई की धीमी रफ्तार भी बड़ी वजह है। इक्विनॉमिक्स के संस्थापक जी चोकालिंगम के मुताबिक, डॉलर के लिहाज से आईटी कंपनियों की ग्रोथ काफी सुस्त है। ऐसे में एआई द्वारा पारंपरिक बिजनेस मॉडल को चुनौती मिलने की आशंका ने निवेशकों का भरोसा और कमजोर कर दिया है। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि मौजूदा गिरावट कुछ हद तक जरूरत से ज्यादा प्रतिक्रिया हो सकती है। उनके अनुसार भारतीय आईटी कंपनियां खुद भी एआई टूल्स को अपनाकर अपनी उत्पादकता बढ़ा रही हैं और लागत कम कर रही हैं। कई बड़ी कंपनियों को पहले ही एआई से जुड़े प्रोजेक्ट्स मिलने लगे हैं।

क्या आगे सुधर सकता है आईटी सेक्टर का मूड?
लंबी अवधि के नजरिए से देखें तो आईटी सेक्टर पूरी तरह कमजोर नहीं है। भले ही फिलहाल निवेशकों का भरोसा डगमगाया हो, लेकिन तकनीक का बदलता दौर आईटी कंपनियों के लिए नए मौके भी लेकर आ सकता है। अगर भारतीय आईटी कंपनियां एआई को खतरे के बजाय अवसर के रूप में अपनाती हैं, तो आने वाले समय में यह सेक्टर खुद को नए रूप में ढाल सकता है। फिलहाल बाजार में डर हावी है, लेकिन जैसे-जैसे एआई के साथ नए बिजनेस मॉडल सामने आएंगे, आईटी शेयरों में फिर से स्थिरता और भरोसा लौटने की उम्मीद की जा सकती है।

TAGGED:AIIndustrial EmpireITIT Stocks CrashNiftyshare market
Share This Article
Email Copy Link Print
Previous Article India–US Trade Deal के तहत अंतरिम व्यापार समझौते पर भारत और अमेरिका के प्रतिनिधियों की बैठक India–US Trade Deal: अंतरिम समझौते से खुले नए रास्ते, भारत-अमेरिका व्यापार संबंधों को मिलेगी रफ्तार
Next Article Google Pixel 10a स्मार्टफोन का लीक डिजाइन और फीचर्स की झलक लॉन्च से पहले Google Pixel 10a के फीचर्स लीक, कीमत और स्पेसिफिकेशन ने बढ़ाई एक्साइटमेंट
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You Might Also Like

Israel Iran war के बीच बंद हुआ Strait of Hormuz, तेल टैंकर और सैन्य तनाव का प्रतीकात्मक दृश्य
एनर्जी

Israel Iran war: होर्मुज स्ट्रेट पर संकट, क्या भारत में महंगा होगा पेट्रोल-डीजल?

By
Manu Tiwari
RBI ब्याज दर नीति बैठक के बाद होम लोन और कार लोन EMI पर असर की खबर
बैंकिंग

जो सोच रहे थे लोन सस्ता होगा, उनके लिए बुरी खबर! RBI नहीं घटाएगा रेट

By
Industrial empire correspondent
Airtel 365 Days Recharge Plan with Unlimited Calling and Long Validity
टेलिकॉम

Airtel का धमाका: 365 दिन तक SIM एक्टिव, Unlimited Calling और ढेर सारे फायदे, हर महीने रिचार्ज की टेंशन खत्म!

By
Manu Tiwari
Vehicle Fitness Fees increase in India for cars, bikes and commercial vehicles after new MoRTH rules
ऑटो/टेक

Vehicle Fitness Fees बढ़ी: 10 साल पुरानी गाड़ी से ही जेब पर असर, जानें नई दरें और नियम

By
Manu Tiwari
अनलिमिटेड कहानियां-आर्टिकल पढ़ने के लिए सब्सक्राइब करें
The Industrial Empire - उद्योग, व्यापार और नवाचार की दुनिया | The World of Industry, Business & Innovation
Facebook X-twitter Youtube Linkedin

Quick links

  • About Us
  • Contact Us
Categories
  • होम
  • ट्रेंडिंग खबरें
  • बाज़ार
  • ऑटो/टेक
  • बैंकिंग
  • आईटी
  • टेलिकॉम
  • एनर्जी
  • एग्रीकल्चर
  • फार्मा
  • फर्श से अर्श तक
  • अन्य

Policies

  • Privacy Policy
  • Terms & Conditions

Copyright © 2025 The Industial Empire. All Rights Reserved.

Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?